वह हृदय नहीं है पत्थर है, जिसमें स्वदेश का प्यार नहीं। - मैथिलीशरण गुप्त।

Find Us On:

English Hindi
Loading

ज्ञान का पाठ

 (काव्य) 
 
रचनाकार:

 रोहित कुमार 'हैप्पी'

डॉ० कलाम को समर्पित....


ज्ञान का पाठ उसने पढ़ाया हमें
ख्वाब भी लेना उसने सिखाया हमें

मन के आंगन में छाई जो काली घटा
गीत अभियान का गा सुनाया हमें

ख़ास होकर भी वो आदमी आम था
सादगी क्या है उसने बताया हमें

उसने गीता पढ़ी, और पढ़ी थी कुरां
धर्म इंसानियत का पढ़ाया हमें

जब तलक सांस है कर्म करते रहो
जाते-जाते भी रस्ता दिखाया हमें

- रोहित कुमार 'हैप्पी'

 

Back

 

Comment using facebook

 
Post Comment
 
Name:
Email:
Content:
Type a word in English and press SPACE to transliterate.
Press CTRL+G to switch between English and the Hindi language.
 
 

सब्स्क्रिप्शन

इस अंक में

 

इस अंक की समग्र सामग्री पढ़ें

 

 

सम्पर्क करें

आपका नाम
ई-मेल
संदेश