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दुष्यंत कुमार की ग़ज़लें

 (काव्य) 
 
रचनाकार:

 दुष्यंत कुमार | Dushyant Kumar

दुष्यंत कुमार की ग़ज़लें - इस पृष्ठ पर दुष्यंत कुमार की ग़ज़लें संकलित की गई हैं। हमारा प्रयास है कि दुष्यंत कुमार की सभी उपलब्ध ग़ज़लें यहाँ सम्मिलित हों।

 

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इस नदी की धार में | दुष्यंत कुमार
मैं जिसे ओढ़ता -बिछाता हूँ | दुष्यंत कुमार
आज सड़कों पर लिखे हैं सैंकड़ों नारे न देख | ग़ज़ल
ये सारा जिस्म झुककर
तुम्हारे पाँव के नीचे----

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