प्रत्येक नगर प्रत्येक मोहल्ले में और प्रत्येक गाँव में एक पुस्तकालय होने की आवश्यकता है। - (राजा) कीर्त्यानंद सिंह।

हिसाब बराबर

 (काव्य) 
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रचनाकार:

 दिव्या माथुर

हम फूलों पर सोए
एक दफ़ा
फूल हम पर सोए
एक दफ़ा
हिसाब बराबर।

- दिव्या माथुर

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