
|
||||
| Literature Under This Category | ||||
| कबीर दोहे -2 - कबीरदास | Kabirdas | ||||
| (21) |
||||
| more... | ||||
| रहीम के दोहे - रहीम | ||||
| (1) |
||||
| more... | ||||
| रहीम के दोहे - 2 - रहीम | ||||
| (21) |
||||
| more... | ||||
| राजगोपाल सिंह | दोहे - राजगोपाल सिंह | ||||
| बाबुल अब ना होएगी, बहन भाई में जंग |
||||
| more... | ||||
| दोहे और सोरठे - भारतेन्दु हरिश्चन्द्र | Bharatendu Harishchandra | ||||
| है इत लाल कपोल ब्रत कठिन प्रेम की चाल। |
||||
| more... | ||||
| दोहावली - तुलसीदास | Tulsidas | ||||
| तुलसीदास कृत 'दोहावली' मुक्तक रचना है। इसमें 573 छंद हैं जिनमें 23 सोरठे व शेष दोहे संगृहित हैं। |
||||
| more... | ||||
| दोहावली - 1 - तुलसीदास | Tulsidas | ||||
| श्रीसीतारामाभ्यां नम: |
||||
| more... | ||||
| वृन्द के नीति-दोहे - वृन्द | ||||
| स्वारथ के सब ही सगे, बिन स्वारथ कोउ नाहिं । |
||||
| more... | ||||
| निदा फ़ाज़ली के दोहे - निदा फ़ाज़ली | ||||
| बच्चा बोला देख कर मस्जिद आली-शान । |
||||
| more... | ||||
| कबीर के दोहे | Kabir's Couplets - कबीरदास | Kabirdas | ||||
| कबीर के दोहे सर्वाधिक प्रसिद्ध व लोकप्रिय हैं। हम कबीर के अधिक से अधिक दोहों को संकलित करने हेतु प्रयासरत हैं। |
||||
| more... | ||||
| बिहारी के होली दोहे - बिहारी | Bihari | ||||
| होली पर बिहारी के कुछ दोहे |
||||
| more... | ||||
| कबीर दोहे -3 - कबीरदास | Kabirdas | ||||
| (41) |
||||
| more... | ||||
| माँ पर दोहे | मातृ-दिवस - रोहित कुमार 'हैप्पी' | ||||
| जब तक माँ सिर पै रही बेटा रहा जवान। |
||||
| more... | ||||
| कबीर दोहे -4 - कबीरदास | Kabirdas | ||||
| समझाये समझे नहीं, पर के साथ बिकाय । |
||||
| more... | ||||
| होली व फाग के दोहे - रोहित कुमार 'हैप्पी' | ||||
| भर दीजे गर हो सके, जीवन अंदर रंग। |
||||
| more... | ||||
| कुछ दोहे - रोहित कुमार 'हैप्पी' | ||||
| आँखों से रूकता नहीं बहता उनके नीर । |
||||
| more... | ||||
| आज के दोहे - रोहित कुमार 'हैप्पी' | ||||
| हमने चुप्पी तान ली, नहीं करेंगे जंग । |
||||
| more... | ||||
| गोपालदास नीरज के दोहे - गोपालदास ‘नीरज’ | ||||
| (1) |
||||
| more... | ||||
| रैदास के दोहे - रैदास | Ravidas | ||||
| जाति-जाति में जाति हैं, जो केतन के पात। |
||||
| more... | ||||
| दोहे | रसखान के दोहे - रसखान | Raskhan | ||||
| प्रेम प्रेम सब कोउ कहत, प्रेम न जानत कोइ। |
||||
| more... | ||||
| रोहित कुमार 'हैप्पी' के दोहे - रोहित कुमार 'हैप्पी' | ||||
| रोहित कुमार 'हैप्पी' के दोहों का संकलन। |
||||
| more... | ||||
| बिहारी के दोहे | Bihari's Couplets - बिहारी | Bihari | ||||
| रीति काल के कवियों में बिहारी सर्वोपरि माने जाते हैं। सतसई बिहारी की प्रमुख रचना हैं। इसमें 713 दोहे हैं। बिहारी के दोहों के संबंध में किसी ने कहा हैः |
||||
| more... | ||||
| डा रामनिवास मानव के दोहे - डा रामनिवास मानव | Dr Ramniwas Manav | ||||
| डॉ. 'मानव' दोहा, बालकाव्य तथा लघुकथा विधाओं के सुपरिचित राष्ट्रीय हस्ताक्षर हैं तथा विभिन्न विधाओं में लेखन करते हैं। उनके कुछ दोहे यहां दिए जा रहे हैं: |
||||
| more... | ||||
|













